आँकड़ों के पीछे की कहानियाँ
2024 की नवीकरणीय बिजली: 32% हिस्सेदारी को समझें
IEA की Global Energy Review 2025 के अनुसार 2024 में वैश्विक बिजली उत्पादन का लगभग 32% नवीकरणीय स्रोतों से आया। प्रकाशन का वर्ष 2025 है; जिस बिजली का वर्णन है, वह 2024 में पैदा हुई थी।
IEA की 2025 की समीक्षा के अनुसार, 2024 में वैश्विक बिजली उत्पादन का कितना हिस्सा नवीकरणीय ऊर्जा से आया?
उत्तर और व्याख्या: 32 %
लगभग 32%। इसमें जल, पवन और सौर ऊर्जा जैसे स्रोत शामिल हैं, लेकिन परमाणु ऊर्जा नहीं। यह बिजली उत्पादन का हिस्सा है, कुल ऊर्जा खपत का नहीं।
IEA · Global Energy Review 2025एक प्रश्न आज़माएँ
IEA की 2025 की समीक्षा के अनुसार, 2024 में वैश्विक बिजली उत्पादन का कितना हिस्सा नवीकरणीय ऊर्जा से आया?
उत्तर देखें
उत्तर और व्याख्या
32 %
लगभग 32%। इसमें जल, पवन और सौर ऊर्जा जैसे स्रोत शामिल हैं, लेकिन परमाणु ऊर्जा नहीं। यह बिजली उत्पादन का हिस्सा है, कुल ऊर्जा खपत का नहीं।
इस हिस्सेदारी में क्या शामिल है?
अंश में जलविद्युत, पवन और सौर जैसे नवीकरणीय स्रोतों से पैदा बिजली है। हर में दुनिया के सभी स्रोतों से पैदा कुल बिजली है। परमाणु ऊर्जा की गणना नवीकरणीय स्रोतों से अलग होती है। इसलिए बची हुई हिस्सेदारी को केवल कोयला नहीं कह सकते: उसमें कई दूसरे उत्पादन स्रोत भी हैं।
उत्पादन, स्थापित क्षमता नहीं है
पैमाना समझने के उदाहरण में, पैदा किए गए हर 100 किलोवाट-घंटे में लगभग 32 नवीकरणीय स्रोतों से होंगे। यह सालाना ऊर्जा की हिस्सेदारी है, बिजलीघरों की संख्या या उनकी निर्धारित क्षमता का अनुपात नहीं। क्षमता बताती है कि उपकरण तय परिस्थितियों में कितनी शक्ति दे सकते हैं; उत्पादन बताता है कि समय के दौरान उन्होंने वास्तव में कितनी विद्युत ऊर्जा बनाई।
हर यानी कुल आधार क्यों महत्वपूर्ण है?
बिजली ऊर्जा व्यवस्था का केवल एक हिस्सा है। यह अनुपात बढ़ने से परिवहन या ताप के लिए सीधे इस्तेमाल होने वाले ईंधन नवीकरणीय बिजली नहीं बन जाते। नवीकरणीय हिस्सेदारी बढ़ना अकेले यह भी साबित नहीं करता कि जीवाश्म ईंधन से बिजली उत्पादन की वास्तविक मात्रा घटी: कुल उत्पादन भी बदल सकता है। निष्कर्ष से पहले हिस्सेदारी और कुल मात्रा साथ देखें।
चार बातें साथ याद रखें: दुनिया, 2024, नवीकरणीय स्रोत और बिजली उत्पादन।